क्या कुंवारी लड़कियां भी रख सकती है करवा चौथ का व्रत ? जानिए क्या होते है इस व्रत के नियम


आज यानी 13 अक्टूबर को करवा चौथ का पर्व मनाया जा रहा है। करवा चौथ का ये व्रत सुहागिन स्त्रियां अपने पति की लंबी उम्र के लिए रखती हैं। महिलाएं पूरे दिन चांद निकलने तक एक बूंद पानी भी ग्रहण नहीं करती हैं। चांद निकलने के बाद पति को चेहरा छलनी में देखने के बाद ही व्रत खोलती हैं। वैसे तो ये सुहागिन महिलाओं का पर्व हैं, लेकिन शास्त्रों की मानें तो जिस लड़की की शादी तय हो गई है वो भी करवा चौथ का व्रत रख सकती हैं।

अब आप सोच रहें होंगे की जिनकी शादी तय नहीं हुई क्या वो व्रत रख सकती हैं? तो चलिए आपको बताते हैं। दरअसल जिन लड़की की शादी तय नहीं हो सकी है, वो अच्छे वर की कामना के लिए व्रत रख सकती है। मगर उनके नियम शादीशुदा महिलाओं के व्रत से काफी अलग हैं। तो आईये हम आपको बताते हैं कुंवारी लड़कियों के व्रत के नियम।

निर्जला व्रत रखने की बाध्यता नहीं

करवा चौथ के दिन सुहागिन महिलाएं निर्जला व्रत करती हैं और पति के हाथों जल ग्रहण कर व्रत का समापन करती हैं लेकिन कुंवारी लड़कियों को निर्जला व्रत नहीं रखना चाहिए। कुंवारी लड़कियां को निराहार व्रत रखकर करवा चौथ का व्रत करना चाहिए। कुंवारी लड़कियों के लिए सरगी और बायना का नियम नहीं है इसलिए निर्जला व्रत नहीं कर सकते।

इनसे लगवाएं हाथों में मेहंदी

करवा चौथ के व्रत में सुहागिन महिलाएं सोलह श्रृंगार करती हैं लेकिन कुंवारी लड़कियों को सुहागिन महिलाओं की तरह श्रृंगार नहीं करना चाहिए। कुंवारी लड़कियां सुहाग के रंग जैसे लाल, पीला, हरा आदि रंग के नए वस्त्र पहन सकती हैं और सादगी के साथ इस व्रत को पूर्ण करना चाहिए। साथ ही विवाहित महिलाओं के हाथों से मेहंदी लगवानी चाहिए।

कुंवारी लड़कियों के लिए कुछ पाबंदी भी हैं

1. करवा चौथ पर कुंवारी लड़कियों को श्रृंगार नहीं करना चाहिए। 2. करवा चौथ पर कुंवारी लड़कियों को चांद को अर्घ्य नहीं देना चाहिए। 3. कुंवारी लड़कियों को शिव-पार्वती को भोग लगाकर अपना व्रत खोलना चाहिए। 4. कुंवारी लड़कियों को छलनी का प्रयोग नहीं करना चाहिए।

करवा माता से मांगे ये आशीर्वाद

कुंवारी लड़कियों को सरगी नहीं मिलती और ना ही बायना निकाला जाता है इसलिए इनको सुहाग की चीजें नहीं देनी चाहिए। कुंवारी लड़कियां करवा माता से सुयोग्य वर की कामना करनी चाहिए और जिनकी शादी जल्द होने वाली हो, वे होने वाले पति के लिए आरोग्य का आशीर्वाद मांगना चाहिए।